उत्तराखंड

106 तीर्थ यात्रियों का हेलीकॉप्टर से किया गया सफल रेस्क्यू, जिलाधिकारी के नेतृत्व में किया गया रेस्क्यू अभियान

नानौ में अस्थायी हैलीपैड निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान देने वाली महिलाओं को जिला स्तर पर किया जाय सम्मानित

ऊखीमठ। पंच केदारो में द्वितीय केदार के नाम से विश्व विख्यात मदमहेश्वर यात्रा के आधार शिविर बनातोली में मोरखंडा नदी पर बने अस्थायी पुल के नदी में समाने के बाद मदमहेश्वर धाम सहित यात्रा पड़ावों पर फसे 106 तीर्थ यात्रियों का हेलीकॉप्टर द्वारा सफल रेस्क्यू कर रासी गाँव पहुंचाया गया है। रेक्स्यू किये गये तीर्थ यात्रियों में पांच महिलायें भी शामिल है। जिलाधिकारी डा0 सौरभ गहरवार के नेतृत्व में चले सफल रेक्स्यू में जिला , तहसील, पुलिस प्रशासन, आपदा प्रबंधन, डी डी आर एफ, एस डी आर एफ सहित विभिन्न विभागों व गौण्डार, रासी, उनियाणा के ग्रामीणों व मदमहेश्वर यात्रा पड़ावों पर व्यवसाय कर रहे व्यापारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। रेक्स्यू होने वाले तीर्थ यात्रियों में सबसे अधिक दिल्ली के 29 तीर्थ यात्रियों के अलावा मेरठ, महाराष्ट्र, मुजफ्फरनगर, सहारनपुर सहित विभिन्न राज्यों व स्थानीय श्रद्धालु मौजूद थे। इस अवसर पर पूर्ति विभाग द्वारा तीर्थ यात्रियों व रेक्स्यू में लगे विभिन्न विभागों के अधिकारियों, कर्मचारियों व ग्रामीणों को लंच पैकेट भी वितरित किये गए जबकि तीर्थ यात्रियों का सफल रेक्स्यू ट्रास भारत व हिमालयन हेली कम्पनियों द्वारा किया गया। तीर्थ यात्रियों का सफल रेक्स्यू होने के बाद तीर्थ यात्रियों ने जिलाधिकारी डा0 सौरभ गहरवार सहित विभिन्न विभागों का आभार व्यक्त किया! इस मौके पर उपजिलाधिकारी अनिल कुमार शुक्ला, जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नन्दन रजवार, जिला पूर्ति अधिकारी के एस कोहली, खण्ड विकास अधिकारी सूर्य प्रकाश शाह,जिला पंचायत सदस्य कालीमठ विनोद राणा, बद्री केदार मन्दिर समिति पूर्व सदस्य शिव सिंह रावत,प्रधान वीर सिंह पंवार, महावीर पंवार, थानाध्यक्ष मुकेश चौहान, एस डी आर एफ अनिरुद्ध भण्डारी, मोहन नौटियाल, सतेन्द्र सेमवाल, ताजवर पंवार, दिनेश नेगी, रणजीत सिंह रावत, जगत सिंह पंवार सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, कर्मचारी व ग्रामीण मौजूद थे।


जिलाधिकारी ने हैलीकॉप्टर से लिया बनातोली का जायजा
ऊखीमठ। जिलाधिकारी डा0 सौरभ गहरवार ने हेलीकॉप्टर के माध्यम से गौण्डार , बनातोली का हवाई निरीक्षण किया तथा नानौ अस्थायी हैलीपैड पहुंचने पर उन्होंने ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि बनातोली में शीध्र ट्राली के माध्यम से आवाजाही शुरू करने के साथ स्थाई पुल का निर्माण किया जायेगा। उन्होंने कहा कि मदमहेश्वर धाम सहित यात्रा पड़ावों पर व्यवसाय कर रहे ग्रामीणों की आजीविका मदमहेश्वर यात्रा पर निर्भर है इसलिए बनातोली में शीध्र ट्राली लगाकर मदमहेश्वर यात्रा सुचारू करनी के प्रयास किये जायेंगे। उन्होंने रासी अस्थायी हैलीपैड तथा नानौ अस्थायी हैलीपैड को स्थाई रूप देने के लिए खण्ड विकास अधिकारी को आकणन तैयार करने के निर्देश दिए।

ऊखीमठ। राज्य मंत्री चण्डी प्रसाद भटट् ने पर्यटन मंत्री को ज्ञापन सौंपकर बनातोली में शीध्र पुल निर्माण की मांग की है। पर्यटन मंत्री को सौपे ज्ञापन का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि मदमहेश्वर यात्रा के आधार शिविर बनातोली में मोरखंडा नदी पर बना अस्थायी पुल के नदी में समाने से मदमहेश्वर यात्रा पड़ावों पर सन्नाटा पसरने लगा है, जबकि गौण्डार गाँव के ग्रामीणों की आजीविका मदमहेश्वर यात्रा पर निर्भर है इसलिए बनातोली में शीध्र पुल निर्माण की आवश्यकता है। पूर्व विधायक मनोज रावत ने भी गौण्डार गाँव पहुंचकर ग्रामीणों के दुख – दर्दों को जाना तथा ग्रामीणों को आश्वासन दिया कि शीध्र बनातोली में मोरखंडा नदी पर पुल निर्माण के लिए शासन – प्रशासन से वार्ता की जायेगी। लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियन्ता मनोज कुमार भटट् ने भी बनातोली पहुंचकर मोरखंडा नदी का जायजा लिया तथा ग्रामीणों को शीध्र आवाजाही शुरू करवाने का आश्वासन दिया।

महिलाओं को जिला स्तर पर सम्मानित करने की मांग

ऊखीमठ। जिला पंचायत सदस्य कालीमठ विनोद राणा ने विगत वर्ष व इस वर्ष नानौ में अस्थायी हैलीपैड निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान देने वाली महिलाओं को जिला स्तर पर सम्मानित करने की मांग की है। उनका कहना है कि विगत वर्ष 14 अगस्त को बनातोली में मोरखंडा नदी पर बना लोहे के गार्डर पुल के नदी में समाने के बाद मदमहेश्वर धाम में फसे तीर्थ यात्रियों के सफल रेक्स्यू के लिए नानौ में बनाये गये अस्थायी हैलीपैड निर्माण में महिलाओं का महत्वपूर्ण योगदान रहा है तथा इस वर्ष भी महिलाओं के सहयोग से नानौ में अस्थायी हैलीपैड की सफाई कर हैलीपैड को उडान भरने के लिए तैयार करने में महिलाओं का महत्वपूर्ण योगदान रहा है।

यात्रा पड़ावों पर पसरा सन्नाटा

ऊखीमठ। मदमहेश्वर यात्रा के आधार शिविर बनातोली में मोरखंडा नदी पर बना अस्थायी पुल के नदी में समाने के बाद मदमहेश्वर धाम सहित यात्रा पड़ावों पर फसे तीर्थ यात्रियों का सफल रेक्स्यू होने के बाद मदमहेश्वर धाम सहित यात्रा पड़ावों पर सन्नाटा पसरने लगा है। मदमहेश्वर धाम की यात्रा प्रभावित होने से आने वाले दिनों में मदमहेश्वर घाटी का तीर्थाटन – पर्यटन व्यवसाय खासा प्रभावित होने की सम्भावनाओं से इनकार नहीं किया जा सकता है। मदमहेश्वर धाम सहित यात्रा पड़ावों पर सन्नाटा पसरने से मदमहेश्वर धाम सहित यात्रा पड़ावों पर व्यवसाय कर रहे व्यापारियों को भविष्य की चिन्ता सताने लगी है। पूर्व क्षेत्र पंचायत सदस्य शिवानन्द पंवार ने बताया कि विगत वर्ष भी 14 अगस्त के बाद मदमहेश्वर धाम सहित यात्रा पड़ावों पर सभी का रोजगार प्रभावित हुआ था तथा इस बार भी यात्रा प्रभावित होने से व्यापारियों के सन्मुख रोजी रोटी का संकट खड़ा हो गया है।

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