
केदारनाथ पैदल मार्ग चीरवासा में भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र का सुधारीकरण कार्य तेज
रूद्रप्रयाग। केदारनाथ धाम यात्रा मार्ग पर गौरीकुंड से करीब 2.5 किलोमीटर ऊपर चीरवासा के समीप भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र में लोक निर्माण विभाग की टीमें मार्ग सुधारीकरण एवं चौड़ीकरण के कार्य में निरंतर जुटी हुई हैं। मार्ग पर श्रद्धालुओं की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने के साथ ही संभावित खतरों को चिन्हित कर उन्हें समय रहते दूर करने के लिए कार्यदायी संस्था द्वारा प्रो-एक्टिव होकर कार्य किया जा रहा है।
विगत दिनों चीरवासा के समीप भूस्खलन के कारण पैदल मार्ग क्षतिग्रस्त हुआ था। मार्ग सुधारीकरण के लिए लोक निर्माण विभाग की टीमें एवं श्रमिक लगातार कार्य कर रहे हैं। सुरक्षा बलों की मौजूदगी में इस स्थान से श्रद्धालुओं की सुरक्षित आवाजाही भी कराई जा रही है।
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंदन सिंह रजवार ने बताया कि जिलाधिकारी श्री विशाल मिश्रा के निर्देशों के क्रम में मौसम साफ होने तथा यात्रियों की सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने के बाद संबंधित कार्यदायी संस्था द्वारा भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र के टॉप पर पहुंचकर स्थिति का निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान पहाड़ी पर कुछ ऐसे बड़े पत्थर चिन्हित किए गए, जिनके किसी भी समय नीचे गिरने की संभावना बनी हुई थी।
संभावित खतरे को देखते हुए लोक निर्माण विभाग के श्रमिकों की सहायता से इन पत्थरों को पहले ही नीचे गिरा दिया गया, ताकि मार्ग सुधारीकरण के दौरान कार्य कर रहे श्रमिकों तथा पैदल मार्ग से आवाजाही करने वाले श्रद्धालुओं के लिए ऊपर से पत्थर या मलबा गिरने की आशंका को न्यून किया जा सके।
उन्होंने बताया कि चीरवासा के भूस्खलन प्रभावित क्षेत्र में मार्ग को सुरक्षित एवं सुचारु बनाने के लिए सुधारीकरण एवं चौड़ीकरण का कार्य लगातार गतिमान है। प्रशासन एवं संबंधित कार्यदायी संस्थाओं द्वारा यात्रा मार्ग की स्थिति पर लगातार निगरानी रखते हुए आवश्यकतानुसार तत्काल सुरक्षात्मक एवं सुधारीकरण कार्य किए जा रहे हैं।



