विश्व पर्यावरण दिवस पर कनकचौरी में चला स्वच्छता व जन-जागरूकता अभियान

लक्ष्मण सिंह नेगी
पर्यावरण संरक्षण व संवर्धन का लिया संकल्प ।
ऊखीमठ। कार्तिक स्वामी तीर्थ के आधार शिविर कनकचौरी में विश्व पर्यावरण दिवस धूमधाम एवं उत्साह के साथ मनाया गया। इस अवसर पर वन विभाग रेंज अगस्त्यमुनि और व्यापार संघ कनकचौरी के संयुक्त तत्वावधान में व्यापक जन-जागरूकता एवं स्वच्छता अभियान चलाया गया। अभियान में स्थानीय लोगों, व्यापारियों, युवाओं तथा पर्यटकों ने बढ़-चढ़कर भागीदारी निभाते हुए पर्यावरण संरक्षण व संवर्धन का संदेश दिया। कार्यक्रम का शुभारंभ कनकचौरी बाजार एवं कार्तिक स्वामी पैदल यात्रा मार्ग पर स्वच्छता अभियान के साथ हुआ। प्रतिभागियों ने मार्गों, सार्वजनिक स्थलों तथा आसपास के क्षेत्रों में फैले प्लास्टिक एवं अन्य कूड़े-कचरे का संग्रह कर स्वच्छता का संदेश दिया। इसके साथ ही लोगों को पर्यावरण संरक्षण, जल स्रोतों की सुरक्षा तथा प्लास्टिक के उपयोग को कम करने के प्रति जागरूक किया गया। वन विभाग के वन दरोगा भरत सिंह चौहान ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल एक दिन का कार्यक्रम नहीं, बल्कि यह प्रत्येक नागरिक की नैतिक जिम्मेदारी है। उन्होंने लोगों से अधिकाधिक वृक्षारोपण करने, वनों को आग से बचाने तथा प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण में सक्रिय सहयोग देने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि हिमालयी क्षेत्रों की जैव विविधता और प्राकृतिक धरोहरों को सुरक्षित रखना आने वाली पीढ़ियों के लिए अत्यंत आवश्यक है। व्यापार संघ अध्यक्ष मुकेश सिंह नेगी ने कहा कि कार्तिक स्वामी तीर्थ प्रतिवर्ष हजारों श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों की आस्था का केंद्र बनता जा रहा है। ऐसे में तीर्थ क्षेत्र एवं उसके आसपास के वातावरण को स्वच्छ और प्रदूषणमुक्त बनाए रखना सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। प्रधान प्रतिनिधि कुलदीप सिंह नेगी ने यात्रियों से भी स्वच्छता बनाए रखने तथा प्लास्टिक कचरा इधर-उधर न फेंकने की अपील की। कार्यक्रम के दौरान पर्यावरण संरक्षण से संबंधित जागरूकता रैली भी निकाली गई। रैली में शामिल लोगों ने विभिन्न नारों के माध्यम से स्वच्छ पर्यावरण और हरित भविष्य का संदेश दिया। प्रतिभागियों ने पर्यावरण संरक्षण, जल संरक्षण एवं स्वच्छता के प्रति जन-जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया। इस मौके पर कार्तिकेय मन्दिर समिति उप प्रबंधक रमेश सिंह नेगी, संजय सिंह, करण सिंह, विपिन सिंह, गौरव सिंह, केदार सिंह, महिपाल सिंह रावत, पुष्कर सिंह, अरविंद सिंह सहित वन कर्मी, व्यापारी , ग्रामीण व तीर्थ यात्री मौजूद थे।



