गौ रक्षा विभाग ने की गौवंश के संरक्षण व संवर्द्धन की मांग, केदारनाथ हाईवे किनारे घूम रही निराश्रित गौवंश की सेवा

गौ रक्षा विभाग ने की गौवंश के संरक्षण व संवर्द्धन की मांग, केदारनाथ हाईवे किनारे घूम रही निराश्रित गौवंश की सेवा
रुद्रप्रयाग। केदारनाथ हाईवे एवं चोपता सड़क मार्ग के किनारे निराश्रित घूम रही गाय और नंदी की विश्व अखाड़ा परिषद (गौ रक्षा विभाग) के वोलंटियर द्वारा सेवा की गई। हाईवे पर जगह-जगह निराश्रित घूम रहे गाय और नंदी को चारा खिलाया, वहीं घायल पशुओं का पशुपालन विभाग के सहयोग से इलाज भी किया। साथ ही सरकार और जिला प्रशासन से इनके संरक्षण व संवर्द्धन की मांग की।
विश्व अखाड़ा परिषद (गौ रक्षा विभाग) ने केदारनाथ हाईवे एवं चोपता-गोपेश्वर मंडल राजमार्ग किनारे निराश्रित घूम रही गाय और नंदी की सेवा करते हुए उन्हें चारापत्ति खिलाया। टीम की ओर से दुकानों से चारा ले जाकर उन्हें खिलाया गया। साथ ही लोगों से मवेशियों का उपयोग करने के बाद उन्हें सड़कों में न छोड़ने को लेकर जागरूक भी किया। गौ रक्षा विभाग के जिलाध्यक्ष रोहित डिमरी ने बताया कि केदारनाथ हाईवे के रुद्रप्रयाग से कुंड और ऊखीमठ-चोपता-गोपेश्वर मंडल मार्ग के चोपता तक निराश्रित गाय और नंदी की सेवा की गई। निराश्रित पशुओं को दुकानों से चारापत्ति लाकर खिलाया गया। उन्होंने कहा कि केदारनाथ हाईवे के किनारे जगह-जगह पर निराश्रित गाय और नंदी घूम रहे हैं। इनके संरक्षण को लेकर सरकार और जिला प्रशासन को ठोस कदम उठाने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि ग्रामीण इलाकों के असामाजिक लोग अपने मवेशियों का उपयोग करने के बाद उन्हें मरने के लिए सड़कों में छोड़ रहे हैं।
आये दिन भारी वाहनों की चपेट में आकर इन निराश्रित गाय और नंदी की मौत हो रही है, जबकि कई घायल अवस्था में सड़कों के किनारे पड़े हुए हैं। उन्होंने जिला प्रशासन से ऐसे असामाजिक लोगों की पहचान कर सख्त से सख्त कार्यवाही की मांग की। कहा कि छत नहीं होने से निराश्रित पशु ठंड में यहां-वहां भटक रहे हैं। नगर पंचायत एवं नगर पालिका के क्षेत्रों में निराश्रित पशु सैकड़ों की संख्या में देखे जा रहे हैं। इन पशुओं के संरक्षण को लेकर विश्व अखाड़ा परिषद आवाज उठा रहा है। सरकार को इन निराश्रित पशुओं के संरक्षण व संवर्द्धन को लेकर ठोस कार्यवाही करनी चाहिए और जगह-जगह गौ रक्षा धाम का निर्माण किया जाए। जिससे इनका संरक्षण व संवर्द्धन हो सके। इस मौके पर गौ रक्षा विभाग के महामंत्री विमल चैहान, सचिव देवेन्द्र बिष्ट, कोषाध्यक्ष संदीप कप्रवाण, राकेश गोस्वामी, अंकित राणा, दीपक नौटियाल, संदीप कोठारी, राहुल पटवाल सहित अन्य मौजूद रहे।



