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भगवती राकेश्वरी मन्दिर मे चलने वाले पौराणिक जागरो का जल्द होगा समापन

लक्ष्मण सिंह नेगी

ऊखीमठ। मदमहेश्वर घाटी के ग्रामीणो की अराध्य देवी व रासी गाँव के मध्य मे विराजमान भगवती राकेश्वरी के मन्दिर मे चलने वाले पौराणिक जागरो के समापन की तैयारिया शुरू कर दी गयी है । पौराणिक जागरो के समापन पर आयोजित होने वाले भव्य मेले मे शामिल होने के लिए धियाणियो व प्रवासियो ने मदमहेश्वर घाटी सहित रासी गाँव की ओर रूख कर दिया है तथा पौराणिक जागरो के गायन से मदमहेश्वर घाटी सहित रासी गाँव का वातावरण भक्तिमय बना हुआ है । सावन व भाद्रपद महीनो मे प्रतिदिन राकेश्वरी मन्दिर मे गाये जाने वाले पौराणिक जागरो का समापन आगामी 18 सितम्बर को भगवती राकेश्वरी को ब्रह्म कमल अर्पित करने के साथ होगा। युगो से चली आ रही परम्परा के अनुसार पौराणिक जागरो के समापन पर भगवती राकेश्वरी की तपस्थली रासी गाँव मे भव्य धार्मिक मेले का आयोजन किया जाता है।

जानकारी देते हुए राकेश्वरी मन्दिर समिति कार्यकारी अध्यक्ष मदन भट्ट ने बताया कि भगवती राकेश्वरी के मन्दिर मे पौराणिक जागरो के गायन की परम्परा युगो पूर्व की है तथा ग्रामीणो द्वारा युगो से चली परम्परा को जीवित रखने मे अहम योगदान दिया जा रहा है । राकेश्वरी मन्दिर समिति पूर्व अध्यक्ष जगत सिंह पंवार ने बताया राकेश्वरी मन्दिर मे प्रतिवर्ष सावन माह की संक्रांति को पौराणिक जागरो का गायन शुरू होता है तथा आश्विन माह की दो गते को भगवती राकेश्वरी को ब्रह्म कमल अर्पित करने के बाद पौराणिक जागरो के गायन का समापन होता है । भगवती राकेश्वरी के पुजारी भगवती प्रसाद भट्ट ने बताया कि पौराणिक जागरो के माध्यम से भगवान श्रीकृष्ण की जीवन लीलाओ ,महाभारत के 18 पर्वो , शिव – पार्वती की जीवन लीलाओ सहित हरि के द्वार हरिद्वार से लेकर चौखम्बा हिमालय तक विराजमान सभी देवी – देवताओ की महिमा का गुणगान किया जाता है । बद्री केदार मन्दिर समिति पूर्व सदस्य शिव सिंह रावत ने बताया मंगलवार को ग्रामीण ऊंचाई वाले इलाको के लिए रवाना होगे तथा लगभग 14 हजार की ऊंचाई से ब्रह्म कमल लाकर भगवती को अर्पित करेगे तथा ब्रह्म कमल अर्पित करने के बाद पौराणिक जागरो के गायन का समापन होगा । प्रधान सोनिया पंवार ने बताया कि पौराणिक जागरो के समापन पर लगने वाले मेले मे शामिल होने के लिए धियाणियो ने रासी गाँव की ओर रूख कर दिया है जिससे मदमहेश्वर घाटी सहित रासी गाँव मे रौनक लौटने लगी है । तीलू रौतेली पुरुष्कार से सम्मानित ,जीवन्ती देवी खोयाल, क्षेत्र पंचायत सदस्य रेशमा भट्ट , अनीता देवी , पुष्पा देवी ,माहेश्वरी कविता देवी ,हिमानी देवी , शिक्षाविद रवीन्द्र भट्ट, कलम सिंह बिष्ट, विनोद बिष्ट, रणजीत रावत, नरेन्द्र पंवार ,सहित रासी के समस्त ग्रामीणो ने पौराणिक जागरो के समापन पर लगने वाले धार्मिक मेले मे जनमानस से सहभागिता का आवाहन किया है ।

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