
रूद्रप्रयाग। समाज कल्याण विभाग द्वारा जनपद रुद्रप्रयाग में विभिन्न वर्गों के पात्र लाभार्थियों के लिए अनेक कल्याणकारी योजनाएं संचालित की जा रही हैं। इन योजनाओं के माध्यम से वृद्धजनों, विधवाओं, दिव्यांगजनों, किसानों, महिलाओं, अनुसूचित जाति एवं पिछड़ी जाति के विद्यार्थियों सहित जरूरतमंद परिवारों को आर्थिक सहायता एवं सामाजिक सुरक्षा प्रदान की जा रही है।
विभाग द्वारा वृद्धावस्था एवं विधवा पेंशन के तहत पात्र लाभार्थियों को 1,500 रुपये प्रतिमाह तथा दिव्यांग पेंशन के तहत 40 प्रतिशत से अधिक दिव्यांगता वाले पात्र दिव्यांगजनों को 1,500 रुपये प्रतिमाह पेंशन दी जा रही है। वहीं 18 वर्ष से कम आयु के पात्र दिव्यांग बच्चों के भरण-पोषण हेतु 700 रुपये प्रतिमाह का प्राविधान है। किसान पेंशन के तहत 60 वर्ष या अधिक आयु के ऐसे किसानों को 1,200 रुपये प्रतिमाह पेंशन दी जाती है, जिनके पास 2 हेक्टेयर से कम कृषि भूमि है तथा वे स्वयं कृषि कार्य करते हैं। तीलू रौतेली पेंशन के तहत कृषि कार्य करते समय 20 से 40 प्रतिशत दिव्यांग हुए पात्र व्यक्तियों को 1,200 रुपये प्रतिमाह पेंशन का प्राविधान है।
परित्यक्त विवाहित एवं निराश्रित अविवाहित महिलाओं के लिए 1,200 रुपये प्रतिमाह भरण-पोषण अनुदान, जबकि पात्र परिवारों की पुत्री की शादी एवं विधवा पेंशन प्राप्त कर रही महिलाओं की पुत्री की शादी के लिए 50,000 रुपये तक का अनुदान दिया जाता है। दिव्यांग व्यक्ति से विवाह करने पर पात्र दंपति को 50,000 रुपये प्रोत्साहन राशि तथा अंतर्जातीय विवाह योजना के तहत एक पक्ष अनुसूचित जाति एवं दूसरा गैर-अनुसूचित जाति होने पर 50,000 रुपये की प्रोत्साहन राशि दिए जाने का प्राविधान है।
अनुसूचित जाति के पात्र आवासहीन परिवारों के लिए अटल आवास योजना के तहत 1.30 लाख रुपये तक की आर्थिक सहायता दी जाती है। अनुसूचित जाति बाहुल्य ग्रामों में पेयजल, सड़क, पुल, विद्युतीकरण, सिंचाई, शौचालय एवं अन्य मूलभूत सुविधाओं के विकास के लिए अनुसूचित जाति उपयोजना के माध्यम से धनराशि उपलब्ध कराई जाती है। अनुसूचित जाति एवं जनजाति के व्यक्तियों के साथ अत्याचार एवं उत्पीड़न की घटनाओं में नियमानुसार आर्थिक सहायता का भी प्राविधान है।
विभाग द्वारा अनुसूचित जाति, पिछड़ी जाति एवं दिव्यांग विद्यार्थियों के लिए छात्रवृत्ति योजनाएं भी संचालित की जा रही हैं। इसके अतिरिक्त दिव्यांगजनों को कृत्रिम अंग, श्रवण यंत्र, बैसाखी, छड़ी एवं वॉकर आदि उपलब्ध कराने की व्यवस्था है। प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के तहत चयनित पात्र ग्रामों में मूलभूत सुविधाओं के विकास के लिए भी धनराशि उपलब्ध कराई जाती है।
जिला समाज कल्याण अधिकारी टी०आर० मलेठा ने पात्र लाभार्थियों से अपील की है कि वे विभागीय योजनाओं का लाभ लेने के लिए ऑनलाइन आवेदन करें। योजनाओं की विस्तृत जानकारी एवं आवेदन पत्र विभाग की वेबसाइट www.ssp.uk.gov.in पर उपलब्ध हैं। लाभार्थी ssp.uk.gov.in, eservice.uk.gov.in अथवा UMANG मोबाइल एप के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं। अधिक जानकारी के लिए जिला समाज कल्याण अधिकारी कार्यालय, रुद्रप्रयाग से संपर्क किया जा सकता है। विभागीय ई-मेल dsworpg01@gmail.com है।



